(Channa Mereya) चन्ना मेरेया का अर्थ Meaning in Hindi

चन्ना मेरेया एक पंजाबी छवि का शब्द है जिसमें दो शब्दों का प्रयोग है। पहला शब्द है चन्ना; जिसका अर्थ होता है चाँद। “चन्ना” चाँद के पंजाबी अनुवाद “चन्न” का विस्तार रूप है। चन्ना शब्द “चांदनी” का प्रयायवाची भी होता है व चांदनी को पंजाबी में “चानणी” कहा जाता है। अब दुसरे शब्द “मेरेया” का अर्थ लेते है मेरेया का हिन्दी में सीधा अर्थ होता है “मेरा”; जब दोनों शब्दों को सयुंक्त रूप से देखा जाता है तब इनका अर्थ निकलता है “मेरा चाँद”; परन्तु ध्यान देने योग्य है कि यहाँ चन्ना मेरेया का अर्थ भावनात्मक रूप से “मेरा चाँद” ना होकर “मेरा प्यार/ मेरा परमप्रिय/ मेरी रूह” होता है। क्योंकि गज़ल, शायरी व नज्मों में चाँद की तुलना हमेशा प्यार से की जाती रही है जिससे भावनात्मक रूप से चाँद शब्द “प्रेमी या प्रेमिका” का पर्याय बन चुका है।

(Gila Shikwa) गिला शिकवा का अर्थ Meaning in Hindi

गिला शिकवा दोनों एक ही भाव के दो शब्द है तथा दोनों को अधिकतर एक साथ ही प्रयोग किया जाता है। हालाँकि दोनों का भाव एक ही है लेकिन अर्थ में थोड़ा अंतर है एक तरफ गिला शब्द “विलाप/ नाराज़गी” का पर्यायवाची है। दूसरी तरफ शिकवा शब्द “शिकायत” को पर्याय देता है। गिला करना अर्थात किसी गलती या दुःख के लिए ग़म में डूब जाना उसके लिए विलाप करना। किसी से गिला करना का भाव है उससे नाराज़गी ज़ाहिर करना; सामने वाले को किसी भी तरीके से जताना कि उसने जो गलती की थी उससे हमारे दिल को कितनी ठेस पहुंची है। इससे अलग शिकवा का अर्थ होता है शिकायत। जब व्यक्ति ख़ामोशी में नाराज़गी ज़ाहिर ना करके सामने वाले को उनकी गलतियाँ बताता है तथा जो उसके साथ अनुचित हुआ उसके लिए सामने वाले को गुनाहगार ठहराता है व उससे शिकायत करता है उसे शिकवा कहा जाता है। इन दोनों शब्दों का प्रयोग एक साथ करने का अर्थ है कि व्यक्ति के साथ यदि कुछ बुरा हुआ है तो वह दूसरों की गलतियों के लिए उनसे शिकायत (शिकवा) करके अपनी नाराज़गी (गिला) ज़ाहिर कर रहा है।

(Khalbali) खलबली का अर्थ Meaning in Hindi

खलबली को दो तरीकों से जाना जा सकता है पहला प्रकार भौतिक तथा दूसरा प्रकार भावनात्मक; ध्यान देने योग्य है कि भावनत्मक खलबली ही भौतिक खलबली का कारण बनती है। स्पष्टता के लिए दोनों स्थितयों को अलग-अलग समझिए:

(Afsana) अफ़साना का अर्थ Meaning in Hindi

किसी भी घटित हुई घटना का वृतांत जो भूतकाल समय में किसी विशेष समय सीमा के बीच हो को अफ़साना कहा जाता है। अफ़साना किसी व्यक्ति के जीवन के महत्वपूर्ण क्षणों का मौखिक या लिखित रूप होता है। कोई भी घटना जब किसी द्वारा सुनाई जाती है तब अफसाना शब्द का प्रयोग किया जाता है जैसे: “तुमने कल जो अफ़साने सुनाए वो लाजवाब थे...” ध्यान देने योग्य है कि अफसाना शब्द अच्छे व प्रेम भरे पलों में हुई सकारत्मक घटनाओं को दर्शाने के लिए प्रयोग किया जाता है। किसी बुरे वृतांत के लिए अफसाना शब्द का प्रयोग भावनात्मक रूप से गलत माना जाता है।

डॉ. मनमोहन सिंह के तीन सुझाव

भारत के पूर्व प्रधानमंत्री व दिग्गज अर्थशास्त्री डॉ. मनमोहन सिंह ने हाल ही में बीबीसी से ईमेल के जरिए बातचीत की; जिसमें उन्होंने कोरोना के क...